• Kalamkaar

    40 के पार का Valentine Day 🌹

    वैलेंटाइन डे से हमें क्या लेना देना, ऐसा है दिमाग का कहना जी, परंतु जो छोटा सा दिल है वह तो अभी बच्चा है जी… मिल जाते गुलाब और अनेक उपहार, बन जाते हम भी 1 दिन के सुपरस्टार… यही सोचते-सोचते हमने भी इस बार ठान ली, वैलेंटाइन डे होगा…

  • Kalamkaar

    थक गयी अब …मैं जीना चाहती हूँ…

    यादों से बस कुछ सुनहरे पल संझोना चाहती हूँ।थक गयी अब …मैं जीना चाहती हूँ।। नोक झोंक आपसी तकरार में बसअब चुप रहना चाहती हूँ।थक गयी अब … मैं जीना चाहती हूँ।। हर किसी की गलती की वजह हूँ मैंअब दलिलों में गुनेहगार ही रहना चाहती हूँ। थक गयी अब..…

  • Kalamkaar

    कुछ देर ठहर जा ऐ जिंदगी…

    कुछ देर ठहर जा ऐ जिंदगी..इस खुदगर्ज़ दुनिया में मुझे भी मतलबी बन जाने दे। अब तक चली हूँ अपने उसूलों पर.. ज़रा इस दुनिया के उसूल मुझे आज़माने तो दे। सच कहकर बहुत दूर हो गई हूँ सबसे…झूठ बोलकर कुछ का मन बहलाने तो दे। थोड़ी सी बुराई मैं…

  • Kalamkaar

    मैं और मेरा दोस्त

    चाय का प्याली से,फूलों का डाली से कुछ ऐसा रिश्ता है मेरा और मेरे दोस्त का जो कभी था अनजान ,आज मेरा दोस्त कहलाता है ना जाने इतना अटूट रिश्ता कैसे बन जाता है हर सुख दुख में मेरा साथी है हां वो मेरा हमराही मेरा दोस्त मेरा जीवन साथी…

  • Adhyatm

    “आदमी की औकात” – दिवंगत जैन मुनि तरुण सागर जी द्वारा रचित कविता

    फिर घमंड कैसाघी का एक लोटा,लकड़ियों का ढेर,कुछ मिनटों में राख…..बस इतनी-सी हैआदमी की औकात !!!! एक बूढ़ा बाप शाम को मर गया,अपनी सारी ज़िन्दगी,परिवार के नाम कर गया,कहीं रोने की सुगबुगाहट,तो कहीं ये फुसफुसाहट….अरे जल्दी ले चलोकौन रखेगा सारी रात…..बस इतनी-सी हैआदमी की औकात!!!! मरने के बाद नीचे देखा…

  • Adhyatm

    मन के हारे हार है.. मन के जीते जीत..

    मन के हारे हार है मन के जीते जीत ।कहे कबीर हरि पाइए मन ही की परतीत ॥ एक बार एक चिड़िया अपने बच्चों के साथ समुन्द्र के किनारे दाना चुग रही थी, तभी अचानक तेज लहरें आयी और चिड़िया के बच्चों को अपने साथ ले गईं . चिड़िया समुन्द्र…

  • Kalamkaar

    होली # “हो” “ली”

    होली का त्यौहार है आया रंग बिरंगी खुशियां लाया ठहरों ठहरों रुको रुको कहाँ है ये खुशियां ज़रा ये तो बताओ , जो लोग बाँटते है खुशियां ज़रा उन से तो मिलवाओ | इस जहां में जहाँ हर एक इंसान एक दूसरे से जलता है , फिर होलिका दहन करने…