Kalamkaar

ऐ जिंदगी…कभी तो मेरे पापा जैसी बन के दिखा…

ऐ जिंदगी जो मांगू मैं …दे दिया कर
कभी तो मेरे पापा जैसी बन के दिखा…

जो मैं हसूं खिलखिलाकर
कभी तो तू भी मेरी खुशी में खुश हो जा..

जो मैं हासिल करूं कुछ अपने दम पर
कभी तो तू भी मेरी पीठ थपथपा

कभी तो मेरे पापा जैसी बन के दिखा…

जो मैं थक जाऊं
कभी तो तू भी मेरा माथा सहला

जो मैं हूं उदास
कभी तो पूछ मुझसे तुझे क्या चाहिए बता

कभी तो मेरे पापा जैसी बन के दिखा…

कभी तो बैठ मेरे पास दो पल
कुछ मेरी सुन कुछ अपनी सुना…

हमेशा मेरी गलतियों से सिखाती है मुझे
कभी तो अपने तजुर्बों से भी कुछ सिखा…

कभी तो मेरे पापा जैसी बन के दिखा…

Monica's avatar

An ambitious soul who loves to find a quiet place and use a humble pen to give thoughts a valuable meaning.

Leave a Reply